Photo by Edu Raw on <a href="https://www.pexels.com/photo/dramatic-fire-and-explosion-scene-outdoors-35982142/" rel="nofollow">Pexels.com</a>
पश्चिम एशिया में ईरान और अमेरिका के बीच तनाव एक बार फिर खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। शनिवार देर रात ईरान ने रणनीतिक रूप से बेहद अहम होर्मुज स्ट्रेट को दोबारा बंद करने का ऐलान किया, जिससे वैश्विक तेल आपूर्ति और समुद्री व्यापार पर गंभीर असर पड़ने की आशंका बढ़ गई है। यह जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण ऊर्जा मार्गों में से एक माना जाता है, और इसके बंद होने से अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी हलचल तेज हो गई है। ईरान के इस कदम को क्षेत्र में बढ़ते दबाव और सुरक्षा हालात के बीच एक बड़ा रणनीतिक फैसला माना जा रहा है।
ईरान के इस ऐलान के कुछ ही घंटों बाद अमेरिका ने जवाबी कार्रवाई करते हुए ईरान के सैन्य ठिकानों पर तीसरे दौर की हवाई और मिसाइल हमले शुरू कर दिए। अमेरिकी हमलों में ईरान की सैन्य क्षमता को निशाना बनाए जाने की खबर है, हालांकि नुकसान और हताहतों को लेकर अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। लगातार हो रही सैन्य कार्रवाई ने पूरे क्षेत्र में तनाव को और गहरा कर दिया है। कूटनीतिक स्तर पर भी हालात बेहद नाजुक बने हुए हैं और अंतरराष्ट्रीय समुदाय दोनों देशों से संयम बरतने की अपील कर रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर यह टकराव और बढ़ा, तो इसका असर सिर्फ पश्चिम एशिया तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि वैश्विक ऊर्जा बाजार और समुद्री सुरक्षा पर भी व्यापक प्रभाव पड़ सकता है।
